हरियाणा राज्य बाल कल्याण परिषद के राज्य नोडल अधिकारी अनिल मलिक ने कहा-सही मार्गदर्शन मिलने पर भटकने से बच जाते हैं किशोर

गोहाना :-17 नवम्बर : हरियाणा राज्य बाल कल्याण परिषद के राज्य नोडल अधिकारी अनिल मलिक ने कहा कि मनुष्य में किशोरावस्था में तेजी से बदलाव होता है। इस अवस्था में किशोरों का उचित मार्गदर्शन बहुत जरूरी है। सही मार्गदर्शन मिलने पर वे गलत ठीक को समझ कर भटकने से बच जाएंगे। वे शहर में होली फैमिली कान्वेंट स्कूल में बाल सलाह, परामर्श एवं कल्याण केंद्र की स्थापना के उपरांत विद्यार्थियों को संबोधित कर रहे थे।
केंद्र के स्थापना के बाद किशोरावस्था की विशेषताओं को समझें- भावनात्मक मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान केंद्रित करने के लिए प्रेरित करें विषय पर सेमिनार आयोजित किया गया। मुख्य अतिथि अनिल मलिक ने कहा कि परिपक्वता की तरफ बढ़ने की अवधि किशोरावस्था के दौरान विद्यार्थियों का उचित मार्गदर्शन करनी जरूरी है। किशोरों की शारीरिक शक्ति, ऊर्जा, उत्तेजना को प्रेरणादायी बातों से सही दिशा प्रदान करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि किशोरों के लिए मनोविज्ञान की समझ व शिक्षा जरूरी है। आत्म-सम्मान की भावना, अस्थिरता की स्थिति, किशोर अपराध की प्रवृत्ति का विकास, विपरीत लिंग आकर्षण, आत्मप्रेम, समाज सेवा की भावना का विकास व कल्पना का बाहुल्य किशोरावस्था की मुख्य विशेषताएं होती हैं। इस आयु में स्वास्थ्य पर भी बहुत अधिक देने की जरूरत होती है।
अनिल मलिक बोले कि किशोरावस्था विद्यार्थी जीवन की महत्वपूर्ण होती है । विद्यार्थी भविष्य कार्य योजनाओं पर ध्यान केंद्रित रखें, जीवन लक्ष्य निर्धारित करें और खुद से सवाल पूछते रहें, फेल होने का डर मन से निकाल कर निर्धारित लक्ष्य को हासिल करने का प्रयास जारी रखें। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्कूल की प्रिंसिपल सिस्टर सविधा ने की। इस मौके पर सहायक कार्यक्रम अधिकारी धर्मपाल, परामर्शदाता नीरज कुमार, इंदु रानी आदि मौजूद रहे।


