अपनी जमीन-जायदाद देश को अर्पित कर दी थी देशबंधु चित्तरंजन दास ने : मलिक
गोहाना :- 5 नवम्बर : देशबंधु चित्तरंजन दास महान स्वाधीनता सेनानी, राजनीतिज्ञ, कवि, अधिवक्ता और पत्रकार थे। उन्होंने आजादी के दीवानों के केस मुफ्त में लड़े। उन्होंने अपनी पूरी जमीन-जायदाद देश को अर्पित कर दी।
रविवार को यह टिप्पणी गोहाना हलके के विधायक जगबीर सिंह मलिक ने की। वह देशबंधु चित्तरंजन दास की 153 वीं जयंती पर आदर्श नगर में हुए श्रद्धांजलि समारोह को संबोधित कर रहे थे। अध्यक्षता आजाद हिंद
देशभक्त मोर्चे के संरक्षक आजाद सिंह दांगी ने की।
मुख्य वक्ता और विधायक जगबीर सिंह मलिक ने खुलासा किया कि देशबंधु चित्तरंजन दास 1920 में कॉंग्रेस के अध्यक्ष भी बने थे। आजाद सिंह दांगी ने कहा कि देशबंधु ने आलीशान जीवन शैली को तिलांजलि दे कर खादी को अपनाया था।
इस अवसर पर भजन सम्राट समुद्र दास, डॉ. नरेश कुमार, देवेंद्र कुमार, रणधीर सिंह, सूबेदार चंद्रभान सिवाच आदि भी मौजूद रहे।


