डॉ. सीडी शर्मा ने कहा कि खुदीराम बोस महान क्रांतिकारी थे ; देश की आजादी में चलाए गए आंदोलनों में निभाई सक्रिय भूमिका
गोहाना :- शहर के विभिन्न सामाजिक संगठनों ने शुक्रवार को शहीद खुदीराम बोस का शहीदी दिवस मनाया। संगठन के सदस्यों ने शहर में प्रभातफेरी निकालकर लोगों को क्रांतिकारी की विचारधारा के बारे में बताया। उन्होंने खुदीराम बोस की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि भी दी।
जन चेतना मंच के प्रांतीय सलाहकार डॉ. सीडी शर्मा ने कहा कि खुदीराम बोस महान क्रांतिकारी थे। उन्होंने देश की आजादी में चलाए गए विभिन्न आंदोलनों में सक्रिय भूमिका निभाई थी। 1908 में उन्होंने प्रफुल्ल चाकी के साथ मुजफ्फरपुर जा कर भारतीयों को बेहद कठोर दंढ देने वाले अत्याचारी जज किंग्सफोर्ड की हत्या करने का प्रयास किया। 11 अगस्त, 1908 को 18 साल आठ महीने की अल्पायु में इन्हें फांसी दे दी गयी थी। फांसी के बाद खुदीराम बोस इतने लोकप्रिय हो गए कि बंगाल के जुलाहे खुदीराम लिखी हुई धोतियां बुनने लगे थे। वहीं आजाद हिंद देशभक्त मोर्चा के सदस्यों ने सेक्टर-7 में खुदीराम बोस की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। मुख्य वक्ता डॉ. सुरेश सेतिया ने लोगों को क्रांतिकारियों के आदर्शों का अनुसरण करने का संदेश दिया।



