यूपी फिल्म कॉन्क्लेव में एसजीटीयू को दो बड़े पुरस्कार
“द सर्वाइवल”को संपादन श्रेणी में पहला व 'उम्मीद' को फिल्म श्रेणी में दूसरा स्थान

गुरुग्राम, (अनिल जिंदल) 5 अप्रैल । श्री गुरु गोबिंद सिंह ट्राईसेंटेनरी यूनिवर्सिटी (एसजीटीयू) के स्कूल ऑफ इमर्जिंग मीडिया, कम्युनिकेशन एवं फिल्म स्टडीज (एसएमसीएफ) के विद्यार्थियों ने संगीत नाटक अकादमी में आयोजित यूपी फिल्म कॉन्क्लेव 2026 में उल्लेखनीय सफलता हासिल कर संस्थान का नाम रोशन किया।
राष्ट्रीय स्तर के इस कॉन्क्लेव में देशभर के 12 राज्यों, 16 शहरों और 20 विश्वविद्यालयों एवं संस्थानों से 100 से अधिक लघु फिल्मों की प्रविष्टियां प्राप्त हुईं। इनमें से केवल 23 फिल्मों को छात्र श्रेणी में आधिकारिक रूप से नामांकित किया गया।
कहानी कहने की कला और तकनीकी दक्षता का उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए एसएमसीएफ के छात्रों ने विभिन्न श्रेणियों में शीर्ष सम्मान प्राप्त किए और कॉन्क्लेव में सबसे अधिक सराहे जाने वाले समूहों में से एक बनकर उभरे।
हमारे छात्रों की प्रमुख उपलब्धियां इस प्रकार रहीं: •द्वितीय पुरस्कार (सर्वश्रेष्ठ फिल्म श्रेणी) – “उम्मीद”
•लेखन एवं निर्देशन – संदीप कौर
•सर्वश्रेष्ठ संपादन पुरस्कार – “द सर्वाइवल”
•लेखन – इशिता होता
•निर्देशन – रोहन शिवन एवं अंशित कथूरिया
लघु फिल्म “उम्मीद” विश्वविद्यालय के एक छात्र के जीवन की भावनात्मक कहानी प्रस्तुत करती है, जो शैक्षणिक और व्यक्तिगत चुनौतियों से जूझते हुए छोटी-छोटी घटनाओं के माध्यम से आशा व उम्मीद को पुनः खोजता है। इस फिल्म को जूरी ने इसके सार्थक कथानक, प्रभावशाली सिनेमैटोग्राफी और सशक्त सामाजिक संदेश के लिए विशेष रूप से सराहा। आईएमडीबी (इंटरनेट मूवी डाटाबेस) पर इसकी उपस्थिति इसके बढ़ते प्रभाव और पहचान को भी दर्शाती है।
वहीं “द सर्वाइवल” एक प्रेरणादायक खेल आधारित ड्रामा है, जिसमें एक पूर्व बॉक्सर की कहानी दिखाई गई है, जो अन्याय का सामना करने के बाद एक युवा खिलाड़ी को प्रशिक्षित कर जीवन में नया उद्देश्य पाता है। यह फिल्म विशेष रूप से अपने उत्कृष्ट संपादन और तकनीकी गुणवत्ता के लिए सराही गई। जूरी ने इसके सुगठित कथानक प्रवाह और उच्च स्तरीय पोस्ट-प्रोडक्शन कार्य की प्रशंसा करते हुए इसे सर्वश्रेष्ठ संपादन पुरस्कार से सम्मानित किया।
एसएमसीएफ के डीन डॉ. अभिषेक दुबे ने टीम को बधाई देते हुए कहा, “हमारे छात्रों ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वे देश की उभरती हुई श्रेष्ठ प्रतिभाओं में शामिल हैं। ये सफलताएं हमारे व्यावहारिक शिक्षण, वास्तविक अनुभव और उद्योग उन्मुख प्रशिक्षण पर आधारित दृष्टिकोण को दर्शाती हैं।”
पहले भी शानदार प्रदर्शन
उल्लेखनीय है कि दमदार सामाजिक संदेश, सजीव अभिनय, कुशल निर्देशन और तकनीकी दक्षता के दम पर एसजीटीयू के छात्रों ने मोहाली के एमिटी विश्वविद्यालय परिसर में हाल ही में आयोजित कल्चरल फेस्ट में श्रेष्ठता की बाजी अपने नाम की थी।
एसएमसीएफ के छात्रों ने प्रतिष्ठित सांस्कृतिक उत्सव ‘एमिफोरिया 2026’ में प्रथम स्थान पाया था।
देशभर के विभिन्न विश्वविद्यालयों की 19 लघु फिल्मों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा में एसजीटीयू की प्रविष्टि ‘ईयरफोन-ए वायरस’ ने ‘डायरेक्टर्स कट’ श्रेणी में ‘बेस्ट फिल्म’ का अवार्ड जीतने के साथ ₹5000 का नकद पुरस्कार भी अपने नाम किया था।
इस फिल्म का लेखन और निर्देशन प्रथम वर्ष के बीएजेएमसी छात्र हर्षित त्यागी ने किया, जबकि इसका निर्माण पूरी तरह छात्रों द्वारा ही किया गया।
राष्ट्रीय युवा महोत्सव में आशुतोष को तीसरा पुरस्कार
इससे पूर्व एसजीटीयू के छात्र आशुतोष त्यागी ने प्रतिष्ठित एआईयू के 39वें अंतर-विश्वविद्यालय राष्ट्रीय युवा महोत्सव (यूनिफेस्ट) में तृतीय स्थान प्राप्त किया था। बीएजेएमसी तृतीय वर्ष के छात्र आशुतोष त्यागी ने हिंदी वक्तृत्व/ वाक्पटुता या भाषण देने की शैली (वाग्मिता) प्रतियोगिता में अपनी प्रतिभा से प्रतिद्वंद्वियों को पछाड़ते हुए सम्मान सूचक तीसरा स्थान प्राप्त किया।
एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज के तत्वावधान में चेन्नई में आयोजित इस राष्ट्रीय स्तर के महोत्सव में देशभर के विश्वविद्यालयों के प्रतिभागियों ने भाग लिया।



