सिंचाई विभाग ने किसानों की मांग पर महमूदपुर ड्रेन की सफाई करवाना किया शुरू

गोहाना :- सिंचाई विभाग ने किसानों की मांग पर रविवार को महमूदपुर ड्रेन की सफाई शुरू कराई। कर्मचारियों ने मशीन के माध्यम से ड्रेन में जमा हुई जलकुंभी को निकाला। इसके साथ ही किसानों के खेतों से पानी निकालने के लिए मोटर भी लगाई।
महमूदपुर गांव के खेतों से पानी की निकासी ड्रेन पर निर्भर है। बीते सप्ताह क्षेत्र में हुई बरसात के कारण ड्रेन में पानी का स्तर बढ़ गया था। ड्रेन में पानी पटरी के लेवल तक पहुंच गया था। इस पर ग्रामीणों ने ड्रेन की सफाई सही ढंग से नहीं करने का आरोप लगाया था। उनका कहना था कि सफाई सही न होने के कारण पानी का बहाव कम है। वहीं ड्रेन में जलकुंभी भी भरी हुई है। ग्रामीणों ने आशंका जताई थी कि बरसात होने से ड्रेन का पानी पटरी को तोड़ते हुए खेतों में भर जाएगा। इससे गांव के करीब 400 एकड़ में जलभराव की स्थिति बन जाएगी। रविवार को सिंचाई विभाग ने ड्रेन की सफाई का काम शुरू कराया और पानी निकासी के लिए खेतों में मोटर भी लगाई, जिससे ग्रामीणों को राहत मिली। दूसरी तरफ, जजपा के राष्ट्रीय सचिव भूपेंद्र मलिक ने रविवार को छिछड़ाना गांव में पानी निकासी का समाधान कराया। उन्होंने बताया कि छिछड़ाना, रूखी व रोहतक जिले के घिलौड़ गांव के खेतों में सैकड़ों एकड़ में बरसात का पानी भरा हुआ है। पहले यहां से घिलौड़-जसिया लिंक मकड़ौली ड्रेन गुजरती थी, जिसके माध्यम से खेतों के पानी की निकासी होती थी, लेकिन घिलौड़ क्षेत्र में ड्रेन को कुछ किसानों द्वारा कवर करने के बाद से यहां जलभराव की अधिक समस्या हो रही थी। इस पर रविवार को तीनों गांवों के सरपंचों व किसानों की बैठक हुई। बैठक में सर्वसम्मति से घिलौड़ के खेतों में कवर ड्रेन का फैसला लिया ।



