CM ने गोहाना में जाट भवन का किया शिलान्यास
गोहाना : सी. एम. मनोहर लाल खट्टर आज गोहाना पहुंचे। उन्होंने सेक्टर 7 में गोहाना जाट महासभा द्वारा बनवाए जाने वाले जाट भवन और धर्मशाला का शिलान्यास किया।
सभा स्थल कम्युनिटी सेंटर तक सी. एम. स्वयं ट्रैक्टर चला कर पहुंचे। सी.एम. ने जाट भवन और धर्मशाला में बनने वाली लाइब्रेरी के लिए 21 लाख रुपए देने का ऐलान किया।

सी.एम. मनोहर लाल खट्टर के संग शिलान्यास समारोह में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश धनखड़, करनाल के सांसद संजय भाटिया, सोनीपत के सांसद रमेश कौशिक, पूर्व मंत्री कृष्णा गहलावत और मनीष ग्रोवर, गन्नौर की विधायक निर्मल चौधरी, राई के विधायक मोहन लाल कौशिक, जजपा के वरिष्ठ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. के.सी. बांगड़ और गोहाना नगर परिषद की चेयरपर्सन रजनी इंद्रजीत विरमानी भी पहुंचे।अध्यक्षता गोहाना जाट महासभा के अध्यक्ष विनोद सहरावत ने की तथा मंच संचालन संजय दूहन ने किया।
शिलान्यास के बाद जब सी.एम. कम्युनिटी सेंटर के सभा स्थल पर पहुंचे, तब उन्होंने कहा : मैंने कहा था- जमीन मैंने दे दी है, शिलान्यास किसी ओर से करवा लो। लेकिन धनखड़ साहब कहने लगे- आप ही करो।भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश धनखड़ ने सी.एम. से आग्रह किया कि जाट भवन और धर्मशाला की पार्किंग के लिए सरकार ऒर जमीन दे । खट्टर ने तर्क दिया कि किसी संस्था को एक ही बार जमीन देने का नियम है। उन्होंने जाट महासभा को सुझाव दिया कि नक्शे में संशोधन कर बेसमेंट में पार्किंग का प्रावधान करें। वैसे खट्टर और धनखड़ ने जाट भवन और धर्मशाला के नक्शे की प्रशंसा किया। सी.एम. मनोहर लाल खट्टर ने एक सवाल का जवाब मंच से मांगा। उन्होंने प्रश्न किया : जमीन जाटों ने ली है, निर्माण भी जाट ही करेंगे, पर इस्तेमाल क्या केवल जाट करेंगे या सब कर सकेंगे? इस पर जवाब गूंजा कि जाट भवन और धर्मशाला सब के लिए होंगे तथा सब इनका प्रयोग कर सकेंगे। ओम प्रकाश धनखड़ ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि गोहाना का अनुकरण दूसरे स्थान भी करेंगे।
मनोहर लाल खट्टर कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के
8 जुलाई के गोहाना आगमन पर टिप्पणी करने से नहीं चूके। उन्होंने कहा कि ड्रामेबाज है। उसे सीरियसली लेने की जरूरत नहीं है। जहां-जहां जाता है, कांग्रेस का भट्ठा बैठा आता है।
सी.एम. ने 6 एस – शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वावलंबन,
स्वाभिमान, सुरक्षा और सुशासन को अपनी सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धि बताया तो 3 सी-क्राइम, करप्शन और कास्ट बेस्ड पॉलिटिक्स को खत्म करने का दावा किया। उन्होंने कहा कि जातिवादी राजनीति का यदि कोई समर्थक है, वह उसे वक्त जरूर देंगे, वह उनसे बहस कर सकता है।
शिलान्यास समारोह में सी. एम. को दोपहर एक बजे पहुंचना था, लेकिन मनोहर लाल खट्टर पहुंचे सवा चार बजे के बाद।इस विलंब का सीधा असर वक्ताओं की संख्या पर पड़ा। सी.एम. के मंचासीन होने के बाद गोहाना जाट महासभा के अध्यक्ष विनोद सहरावत, सोनीपत के सांसद रमेश कौशिक और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश धनखड़ ही माइक के समक्ष आ सके।
सी.एम. मनोहर लाल खट्टर के इस दौरे ने गोहाना शहर को हताश किया। खट्टर से शहर बड़ी उम्मीदें लगाए बैठा था। लेकिन सी.एम. ने गोहाना की झोली में कोई सौगात नहीं डाली। यही नहीं,उन्होंने अपना संबोधन प्रारंभ करने से पहले गिनती के जिन नेताओं के नाम लिए, उनमें गोहाना के नेताओं में केवल भाजपा के जिला अध्यक्ष तीर्थ सिंह राणा और जाट महासभा के अध्यक्ष विनोद
सहरावत ही रहे।
मनोहर लाल खट्टर ने संजय भाटिया को अपना विधायक कह कर संबोधित किया। उन्होंने इस की वजह भी बताई। सी.एम. ने कहा कि मैं जिस करनाल का एम.एल.ए. हं. संजय भाटिया वहीं के एम.पी. हैं।
शिलान्यास समारोह में भाजपा और जजपा के नेताओं के अलावा दूसरे दलों से आने वाले शीर्ष नेता धर्मपाल सिंह मलिक ही रहे जो कांग्रेस के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष हैं।



