खेतों में जलभराव का आंकड़ा हुआ 1000 एकड़ ; सिंचाई विभाग ने तीन गांवों में कराई 24 घंटे बिजली सप्लाई
गोहाना क्षेत्र में सोमवार को हुई तेज बारिश से खेतों में जलभराव का आंकड़ा 800 से बढ़कर 1000 एकड़ पहुंच गया है। खेतों में करीब डेढ़ फीट तक पानी भरा हुआ है। अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए सिंचाई विभाग ने तीन गांवों में 24 घंटे बिजली की सप्लाई भी कराई है। किसान पानी निकासी के लिए मोटर और बिजली कनेक्शन करवाने की मांग को लेकर सिंचाई विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों के कार्यालय में पहुंच रहे हैं।
क्षेत्र में सोमवार तक खेतों में जलभराव का आंकड़ा 800 एकड़ तक था। क्षेत्र में सोमवार को करीब 49 एमएम बरसात हुई थी। बरसात के बाद उपमंडल के विभिन्न गांवों में करीब 200 एकड़ में जलभराव की स्थिति बन गई। इससे जलभराव का आंकड़ा 1000 एकड़ तक पहुंच गया। जलभराव से किसानों की भी चिंता बढ़ गई है। किसानों का कहना है कि प्रत्येक वर्ष बरसात सीजन में उनकी फसलें अधिक पानी भरा होने के कारण डूब जाती हैं। इस बार भी यही स्थिति बन रही है। हालांकि इस बार सिंचाई विभाग ने पहले से ही चिह्नित गांवों में पंपसेट और मोटर भेजी हुई हैं। इसके बावजूद पानी की निकासी में देरी हो रही है
इन गांवों में है जलभराव सिंचाई विभाग की सर्वे रिपोर्ट के अनुसार क्षेत्र के 12 गांवों के खेतों में जलभराव हुआ है। इनमें बुसाना, गामड़ी, खानपुर कलां, जॉली, खेड़ी दमकन, लाठ, कासंडी, मोई हुड्डा, बली, एसपी माजरा, रोलद, रूखी आदि गांव शामिल हैं। इनमें से अधिकारियों ने लाठ, खानपुर कलां और एसपी माजरा गांव में पानी निकासी के लिए बिजली की सप्लाई 24 घंटे कराई है।
^खेतों में पानी का स्तर अभी कम है। अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए पंपसेट चलवाए जा रहे हैं। आवश्यकता पड़ने पर पंपसेटों की संख्या बढ़ा दी जाएगी। – सुजीत, एसडीओ, सिंचाई विभाग, गोहाना।



