लिव-इन रिलेशनशिप का गोहाना के ब्राह्मण समाज ने किया विरोध ; एम.पी., एम.एल.ए. के लिए केवल एक पेंशन का किया समर्थन
गोहाना :-26 अगस्त : जन्माष्टमी पर्व पर सोमवार को ब्राह्मण समाज के प्रतिनिधि शहर में पुराने बस स्टैंड पर
स्थित ब्रह्म भवन में जुटे। एक सुर में लिव-इन रिलेशनशिप का कड़ा विरोध किया गया तथा इसे अवैध घोषित कर इस पर प्रतिबंध लगाने की मांग की गई। ब्राह्मण समाज ने यह भी मांग की कि कोई नेता चाहे कितना ही बार एम. पी. या एम.एल.ए. क्यों न चुना जाए, उसे पेंशन केवल एक बार ही मिलनी चाहिए।
अध्यक्षता ठेकेदार जयकिशन शर्मा ने की। मास्टर सुरेश
गंगाणा, शिव कुमार, श्रीभगवान शर्मा, राजेंद्र शर्मा और राज कुमार फौजी ने कहा कि भारतीय संस्कृति में आदिकाल से विवाह जैसी पवित्र व्यवस्था रही है। पश्चिम के प्रभाव में इस पावन व्यवस्था को लिव-इन रिलेशनशिप के साथ समाप्त करने का षड्यंत्र हो रहा है। इसे समाज के जागरूक अंग के तौर पर ब्राह्मण अमान्य करते हैं।केंद्र सरकार को लिव-इन रिलेशनशिप को तुरंत अवैध घोषित कर देना चाहिए तथा इस पर पाबंदी लगा देनी चाहिए । लव मैरिज की स्वीकार्यता भी तभी हो जब दूल्हे और दुल्हन के माता-पिता उन दोनों को अपना आशीर्वाद देने के लिए तैयार हों ।
राम दिया, जगदीश भारद्वाज, सुरेश भादोठी, रामकरण, कृष्ण सिवाना, नवीन गौड़, इंद्र शर्मा और कुलदीप कौशिक ने रोष व्यक्त किया कि नेता कानून बनाने के अपने अधिकार का दुरुपयोग कर रहे हैं। समाज के किसी भी अन्य वर्ग पर अंकुश लगाने में जहां रत्तीभर संकोच नहीं होता, वहीं एम.एल.ए. और एम.पी. दलीय राजनीति से ऊपर उठ कर अपने संकुचित हितों का परिरक्षण करते हैं। कोई नेता जितनी बार एम.एल.ए. या एम. पी. बनता है, वह उतनी ही बार की पेंशन प्राप्त करता है। यह व्यवस्था अनुचित और अनैतिक है । यह नियम बनना चाहिए कि कोई नेता, चाहे एक बार निर्वाचित हो या अनेक बार, उसे पेंशन केवल एक बार की मिलेगी।



