गोहाना के पुराने बस स्टैंड पर आजाद हिंद देशभक्त मोर्चे के तत्वावधान में महाराणा प्रताप, गोपाल कृष्ण गोखले को उनकी जयंतियों पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया नमन
गोहाना :-9 मई : शहर के पुराने बस स्टैंड पर आजाद हिंद देशभक्त मोर्चे के तत्वावधान में शुक्रवार को महाराणा प्रताप और गोपाल कृष्ण गोखले को उनकी जयंतियों पर नमन किया गया। दोनों महापुरुषों के चित्रों पर नागरिकों ने पुष्पांजलि अर्पित की।
मुख्य वक्ता मोर्चे के निदेशक डॉ. सुरेश सेतिया थे।अध्यक्षता मोर्चे के मुख्य संरक्षक आजाद सिंह दांगी ने की। डॉ. सेतिया ने कहा कि राजपूत नरेश महाराणा प्रताप ने जंगल में रहना और घास की रोटियां खाना स्वीकार किया, पर उन्होंने मुगलों के आगे घुटने नहीं टेके। उन्होंने देश, धर्म और आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। उनका जन्म 9 मई 1540 को सिसोदिया राजवंश में राजस्थान के कुंभलगढ़ में
हुआ। आजाद सिंह दांगी ने गोपाल कृष्ण गोखले के कृतित्व और व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गोखले अपना राजनीतिक गुरु महात्मा गांधी और मोहम्मद अली जिन्ना को मानते थे । उनका जन्म 9 मई 1866 को महाराष्ट्र के कोल्हापुर में हुआ था ।
इस अवसर पर सुभाष शर्मा, उधम सिंह, बलवान शर्मा, मनोज सैनी, मुकेश पांचाल, विजेंद्र सैनी, रितु नागर, गरिमा, रेणु, जतिन, सुरेश कुमार आदि भी मौजूद रहे।


