गोहाना में छत्रपति शाहू जी महाराज की 102वीं की पुण्यतिथि पर हुआ श्रद्धांजलि समारोह का आयोजन
जातिगत जनगणना करवाने वाले पहले भारतीय राजा थे शाहू जी : दांगी
गोहाना :-6 मई : आजाद हिंद देशभक्त मोर्चे के मुख्य संरक्षक आजाद सिंह दांगी ने सोमवार को कहा कि छत्रपति शाहू जी महाराजा जातिगत जनगणना करवाने वाले भारत के सबसे पहले राजा थे। दांगी शहर में गांधी नगर में स्थित गुरु रविदास चौपाल में छत्रपति शाहू जी महाराज की 102वीं की पुण्यतिथि पर हुए श्रद्धांजलि समारोह को संबोधित कर रहे थे।
कार्यक्रम गुरु रविदास समाज संगठन के तत्वावधान में हुआ। अध्यक्षता संगठन के अध्यक्ष सतबीर पौडिया ने की। छत्रपति शाहू जी महाराज का देहावसान 6 मई 1922 को 48 वर्ष की आयु में हुआ था।
मुख्य वक्ता आजाद सिंह दांगी ने कहा कि छत्रपति शाहू जी महाराज ने 1901 में सर्वप्रथम जातिगत जनगणना करवाई थी। उसके बाद उन्होंने अगले ही वर्ष 1902 में कोल्हापुर रियासत में पिछड़े वर्गों के उत्थान के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण प्रारंभ किया था। वह प्रजातांत्रिक मूल्यों और सामाजिक न्याय के संस्थापक थे।
सतबीर पौडिया ने कहा कि छत्रपति शाहू जी महाराज ने प्राथमिक शिक्षा को 1912 में अनिवार्य तो 1917 में नि:शुल्क कर दिया था। उन्होंने 500 से 1000 की आबादी वाले प्रत्येक गांव में स्कूल खोला था। 1919 में उन्होंने इलाज के लिए अछूतों को अस्पताल में प्रवेश का अधिकार दिया था। इस अवसर पर राजपाल कश्यप, वेदपाल, वीरपाल, नारायण सिंह, पूर्णमल चहल, धर्मबीर बामनिया, बलराज, सरोज, सुमन, शीतल, नेहा आदि भी मौजूद रहे।


