खानपुर कलां स्थित बी.पी.एस. राजकीय महिला मेडिकल कॉलेज की एम.बी.बी.एस. की छात्राओं ने जानीं दिव्यांग बच्चों की समस्याएं
गोहाना :-5 मार्च : गांव खानपुर कलां स्थित बी.पी.एस. राजकीय महिला मेडिकल कॉलेज की 2022 बैच के थर्ड ईयर की एम.बी.बी.एस. की 22 छात्राएं मंगलवार को गोहाना पहुंचीं। इन छात्राओं ने चौ. देवीलाल चौक में स्थित राठी फिजियोथेरेपी एंड रिहैबिलिटेशन क्लिनिक में दिव्यांग बच्चों से भेंट कर उनकी समस्याओं की जानकारी हासिल की।
एम.बी.बी.एस. की छात्राएं पी. जी. डॉ. गोपाल और मेडिकल सोशल वर्कर पूनम के साथ पहुंचीं। ये छात्राएं मुस्कान रोल नंबर 2250, मुस्कान रोल नंबर 2251, मुस्कान रोल नंबर 2252, मुस्कान रोल नंबर 2253, मुस्कान रोल नंबर 2254, नंदिनी 2255, नवीषा रोल नंबर 2256, नीतू रोल नंबर 2257, नेहा रोल नंबर 2258, निधि रोल नंबर 2259, निधि रोल नंबर 2260, निकिता रोल नंबर 2261, निपुण रोल नंबर 2262, निशा रोल नंबर 2263, पलक रोल नंबर 2264, परिजा रोल नंबर 2265, पायल रोल नंबर 2266, प्रिया रोल नंबर 2267, पूजा रोल नंबर 2269, पूजा रोल नंबर 2270, पूजा रोल नंबर 2271 और पूजा रोल नंबर 2272 थी
क्लिनिक में पहुंचने पर उनका अगवानी इस सेंटर के एम. डी. डॉ. दलबीर राठी ने की। दिव्यांग बच्चों की शिक्षिकाओं-भगवती और रेखा ने भावी महिला चिकित्सकों को दिव्यांग बच्चों की समस्याओं से अवगत करवाया एम.बी.बी.एस. की छात्राओं ने स्वयं भी दिव्यांग बच्चों से बातचीत की। क्लिनिक के एम. डी. डॉ. दलबीर राठी ने कहा कि दिव्यांग बच्चे किसी भी दृष्टि से असहाय नहीं हैं। उन्हें करुणा या सहानुभूति नहीं, समुचित प्रोत्साहन की आवश्यकता है। अगर उन्हें पर्याप्त प्रोत्साहन मिले, वे वह कर दिखा सकता है जिसे करने की सामान्य बच्चे सोच भी नहीं सकते।


