गोहाना :-. बीपीएस महिला विवि में गरीब व जरूरतमंद छात्राओं को पढ़ाई के दौरान फीस में 50 प्रतिशत छूट मिलेगी। इसके साथ ही अन्य छात्राओं को विभिन्न कोर्स करने समेत कई मूलभूत सुविधाएं भी प्राप्त होंगी। छात्राओं की सुविधा के लिए बीपीएस महिला विवि की विद्या परिषद ने 26वीं बैठक में कई प्रगतिशील निर्णय लिए हैं। बीपीएस महिला विवि में करीब 7000 छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रही हैं।
हाल में महिला विवि में 2809 सीटों पर दाखिला प्रक्रिया चल रही है। इसी बीच विवि की विद्या परिषद की कुलपति एवं एकेडमिक काउंसिल की चेयरपर्सन प्रोफेसर सुदेश के नेतृत्व में बैठक हुई। इस बैठक में विद्या परिषद ने छात्राओं की सुविधाओं के लिए कई फैसले लिए गए। इनके तहत 14 शोधार्थियों को विभिन्न विषयों में पीएचडी की उपाधि प्रदान की गई। विभिन्न विषयों में पीएचडी करने के लिए 26 छात्राओं को पंजीकृत किया गया। विवि में दो नए शिक्षण विभाग स्थापित किए गए, जिनमें जनसंचार एवं पत्रकारिता विभाग और ललित कला विभाग शामिल हैं। गणित में एमएससी और पीएचडी के संशोधित पाठ्यक्रम को मंजूरी दी गई। गरीब और जरूरतमंद छात्राओं के लिए फीस में 50 फीसदी की छूट को मंजूरी दी। विवि का लर्निंग रिसोर्स सेंटर नाममात्र शुल्क के साथ आईलेट्स तैयारी पाठ्यक्रम और अंग्रेजी भाषा प्रवीणता पाठ्यक्रम शुरू करेगा। यूजीसी द्वारा अनुशंसित साइबर सुरक्षा कार्यक्रम के संशोधित पाठ्यक्रम को भी मंजूरी दी गई। कुलपति प्रो. सुदेश ने विद्या परिषद के सदस्यों को बताया कि बीपीएस महिला विवि को मूल्यांकन के पहले चक्र में नैक द्वारा बी प्लस प्लस ग्रेड के साथ मान्यता दी गई है।
छात्राओं को मिलेगा लाभ : प्रो. सुदेश ^बीपीएस महिला विवि की विद्या परिषद ने अपनी बैठक में कई प्रगतिशील निर्णय लिए हैं। इन निर्णयों का सीधा लाभ विवि की छात्राओं को सीधे तौर पर मिलेगा। इसके साथ ही महिला विवि निश्चित रूप से उच्च ग्रेड हासिल करेगा। प्रो. सुदेश, कुलपति, बीपीएस महिला विवि, खानपुर कलां



