दो बार बरोदा से किस्मत आजमा चुके ओलिम्पियन पहलवान योगेश्वर दत्त इस बार गोहाना से लड़ने को हैं तैयार

गोहाना :-16 जुलाई : लगातार दो बार बरोदा हलके से भाजपा प्रत्याशी के तौर पर किस्मत आजमा चुके ओलिम्पियन पहलवान योगेश्वर दत्त इस बार अपना हलका बदलने के लिए तैयार हैं। वह गोहाना हलके से चुनाव लड़ सकते हैं। यह बात स्वयं योगेश्वर दत्त ने मंगलवार को गोहाना में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कही।
वैसे यह लगातार तीसरा दिन रहा जब भाजपा के तीन नेताओं ने गोहाना हलके से चुनाव लड़ने की इच्छा व्यक्त की है। ये तीनों ही नेता गैर- -जाट हैं। तीनों ने ही इस के लिए पत्रकार वार्ता को माध्यम बनाया है। सबसे पहले पत्रकारों के सामने रविवार को रेलवे बोर्ड और एफ.सी. आई. के पूर्व सदस्य जगमेंद्र जौली आए । उन्होंने खुल कर कहा कि भाजपा हाईकमान किसी बाहरी व्यक्ति को न थोपे तथा पुराने कार्यकर्ताओं में से किसी एक को टिकट दे। उन्होंने खुले शब्दों में टिकट पर अपना दावा पेश किया।
मंगलवार को भाजपा के राज्यसभा सांसद रामचंद्र जांगड़ा ने अपना दावा प्रस्तुत किया। वह 2014 में गोहाना हलके से भाजपा प्रत्याशी थे। 2019 में उन्हें दोबारा अवसर नहीं मिला। पर जल्दी ही भाजपा ने उन्हें राज्यसभा में भेज दिया। जांगड़ा ने पत्रकार वार्ता में खुल कर कहा कि अगर 2019 में उन्हें टिकट मिलता, वह पक्के तौर से जीतते । उन्होंने यह भी कहा कि इस बार मौका मिलने पर वह 50 हजार से ज्यादा वोटों से जीतेंगे।
अब गोहाना हलके के भाजपा टिकट पर तीसरा दावा योगेश्वर दत्त का सामने आया है। विशेष उल्लेखनीय है कि योगेश्वर दत्त दो चुनाव भाजपा उम्मीदवार के रूप में बरोदा हलके से लड़ चुके हैं। पहले उन्होंने 2019 का सामान्य चुनाव लड़ा। उसके बाद 2020 में जब उपचुनाव हुआ, तब भाजपा ने योगेश्वर पर ही दांव लगाया | योगेश्वर ने गोहाना शहर में पोस्टर लगवाए हैं। इन पोस्टरों में उन्होंने अपना हलका बरोदा नहीं, गोहाना लिखा है। मंगलवार को पत्रकारों से बातचीत में योगेश्वर दत्त ने साफ कहा कि वह गोहाना हलके से चुनाव लड़ना चाहते हैं । उनका यह क्लेम इस आलोक में अहम है कि 2019 में जाट नेता तीर्थ सिंह राणा को गोहाना और गैर-जाट योगेश्वर दत्त को भाजपा ने बरोदा से चुनाव लड़वाया था। भाजपा दोनों सीटें हार गई थीं। तब कहा गया था कि गोहाना में गैर-जाट और बरोदा में जाट नेता को लड़वाते तो दोनों सीटें भाजपा की झोली में आतीं।
योगेश्वर दत्त की इस बार गोहाना से चुनाव लड़ने की पूरी तैयारी है । इस के लिए उन्होंने शहर में सोनीपत रोड पर अपना कार्यालय भी स्थापित कर दिया है। अब यह भाजपा पर निर्भर करता है कि उन्हें टिकट गोहाना से मिलती है या बरोदा से। यह भी संभव है कि भाजपा दोनों में से किसी भी सीट पर तीसरा मौका न दे।



