रिंढाणा गांव में सोमवार को पूर्णिमा के अवसर पर गुलाब गिरी सरभंगी महाराज के डेरे में भंडारे का आयोजन किया गया। इस अवसर पर महंत बाबा भलेगिरी महाराज, आचार्य सत्यनारायण वत्स व मुख्य यजमान महेश पाठक के सान्निध्य में विद्वानों द्वारा रुद्राभिषेक भी किया गया। इसमें मुख्य रूप से बरोदा हलके के विधायक इंदुराज नरवाल ने शिरकत की और महंतों का आशीर्वाद प्राप्त किया। इसके अलावा भंडारे में पहुंचे श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया और महंतों से आशीर्वाद भी लिया। उसके बाद विधायक इंदुराज नरवाल ने छतैहरा, मातंड, जागसी, गंगाना, बुटाना समेत कई गांवों का दौरा किया और लोगों की समस्याएं सुनी। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों से संपर्क करके जल्द समाधान करने के आदेश दिए।
गुरु पूर्णिमा पर सोमवार को गुरुद्वारा और विभिन्न शिक्षण संस्थानों में कार्यक्रम आयोजित किए गए। सचखंड गुरुद्वारा में मुख्य ग्रंथी भाई गुरदीप सिंह ने गुरु पाठ कर संगत को निहाल किया। गुरुद्वारा के प्रधान डॉ. प्रदीप खानीजौ ने बताया कि गुरु पूर्णिमा का विशेष महत्व होता है। आज के दिन महर्षि व्यास का जन्म हुआ था, इसलिए इसे व्यास पूर्णिमा भी कहते हैं। उन्होंने कहा कि गुरु का दर्जा भगवान से भी ऊपर होता है। गुरु ही हमें अंधकार से सत्य के प्रकाश की ओर ले जाता है।
इस अवसर पर डॉ. सुरेश सेतिया, कृष्ण दुरेजा, वेद सचदेवा, गुलशन नारंग तथा सुखमणि सोसाइटी महिला मंडल उपस्थित थी। गुरु शिष्य का सच्चा हितैषी : डीबीएम स्कूल में भी गुरु पूर्णिमा पर आयोजित कार्यक्रम में स्कूल चेयरमैन विकास मलिक ने कहा कि गुरु शिष्य का सच्चा हितैषी होता है। गुरु ही अपने शिष्य को ज्ञान देकर समाज कल्याण के योग्य बनाता है। हमें गुरु की महिमा को कम नहीं समझना चाहिए। जीवन में गुरु और शिष्य दोनों की भूमिका निभाते हैं हम : गीता विद्या मंदिर स्कूल में प्राचार्य अश्विनी कुमार ने कहा कि हम अपने जीवन में गुरु और शिष्य दोनों की भूमिका निभाते हैं। इसलिए अपनी भूमिका में सर्वश्रेष्ठ देने के लिए हमें सदैव सीखते और सिखाते रहना चाहिए। गुरु ही हमारा सच्चा मार्गदर्शक होता है। इस अवसर पर स्कूल प्रबंध समिति के अध्यक्ष परमानंद लोहिया, संतोष भारद्वाज, सोनिया जैन, मनोज आदि उपस्थित थे।



