घरों की छत के ऊपर से गुजर रही बिजली लाइनों को शिफ्ट करवाने के लिए मकान मालिक को ही देना होगा खर्च

गोहाना :- शहर में बिजली निगम घरों की छत के ऊपर से गुजर रही बिजली लाइनों को अपने स्तर पर शिफ्ट नहीं करेगा। लाइनों को शिफ्ट करवाने के लिए मकान मालिक को ही खर्च देना होगा। निगम मुख्यालय ने लाइन शिफ्ट करने के नियम में बदलाव किया है। नए नियम के अनुसार निगम केवल सरकारी भवनों, स्कूलों और पार्कों के ऊपर से गुजरने वाली लाइनों को ही अपने स्तर पर शिफ्ट करेगा।
शहर में बिजली की एचटी लाइनों घरों की छतों से होकर गुजरती हैं। अधिकारियों के अनुसार शहरी क्षेत्र में करीब 80 घरों के ऊपर से एचटी लाइनें गुजरती हैं। शहरी क्षेत्र में एचटी लाइनों के कारण कई लोग हादसों का शिकार हो चुके हैं। निगम मुख्यालय ने वर्ष 2015 में एचटी लाइनों को शिफ्ट करने की गाइड लाइन जारी की थी। मुख्यालय की गाइडलाइन के अनुसार सरकारी व सार्वजनिक भवनों, स्कूल, पार्क, तालाब और घरों के ऊपर से गुजरने वाली लाइनों को शिफ्ट किया जाना है। शहर में एचटी लाइनों को शिफ्ट करने की प्रक्रिया सिरे नहीं चढ़ी।
बिजली लाइनों के कारण हो गए हादसे: शहर में उत्तम नगर, देवीपुरा, आर्य नगर और कई अन्य कॉलोनियों में एचटी लाइनें घरों की छतों के ऊपर से गुजरती हैं। तारों की ऊंचाई बहुत कम है। ऊंचाई कम होने के कारण शहर में कई हादसे हो चुके हैं। आर्य नगर में वर्ष 2008 में तारों की चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। वर्ष 2012 में गीता कॉलोनी में छत पर काम करते समय एक व्यक्ति तारों की चपेट में आ गया था, जिससे उसकी मौत हो गई थी। वहीं वर्ष 2017 में आर्य नगर और गीता कॉलोनी में एचटी लाइन की तार टूटकर घरों के आंगन में गिर गई थी।
जली की लाइनों को शिफ्ट करने का यह है नियम : निगम के भारतीय इलेक्ट्रीसिटी नियम 1965 के अनुसार एचटी लाइनों के दायरे में किसी प्रकार का निर्माण कार्य करवाना गैरकानूनी है। एचटी लाइनों के दायरे में आने से मकान में करंट आने की आशंका रहती है। जिससे बड़ा हादसा हो सकता है। यदि कोई व्यक्ति एचटी लाइनों के दायरे में भवन निर्माण करता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने का प्रावधान होता है तथा भवन को तोड़ा भी जा सकता है। वहीं लाइनों को शिफ्ट करवाने के लिए निगम लाइन का सर्वे कर एस्टीमेट तैयार करेगा। एस्टीमेट राशि का भुगतान उपभोक्ताओं को करना होता है।
^शहर में निगम की लाइनों के नीचे कई लोगों ने घर बनाए हुए हैं। बिजली लाइन के नीचे घर हादसे का कारण बनते हैं। निगम मुख्यालय के आदेश अनुसार घर के ऊपर से गुजर रही लाइन को शिफ्ट करवाने के लिए मकान मालिक को ही खर्च देना होगा।
धर्मवीर, एक्सईएन, बिजली निगम, गोहाना ।


