गोहाना में भाकियू का धरना 127वें दिन भी जारी रहा
गोहाना :-31 मई : शहर के लघु सचिवालय में भारतीय किसान यूनियन द्वारा दिया जा रहा अनिश्चितकालीन धरना शुक्रवार को 127वें दिन भी जारी रहा। यह धरना 2021 और 2022 में खराब हुई फसलों के अब तक न मिले मुआवजे को ब्याज समेत वसूलने के लिए दिया जा रहा है। भाकियू अपने इस स्टैंड पर कायम है कि जब तक पीड़ित किसानों के खातों में 12 प्रतिशत सूद समेत बकाया मुआवजा नहीं आएगा, तब तक बेमियादी धरना जारी रहेगा ।
शुक्रवार को धरने का नेतृत्व प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवान नरवाल ने किया। उनके साथ धरने पर बैठने वाले किसान प्रतिनिधि रामकिशन मदीना, वजीर कथूरा, जगमेंद्र कथूरा, सूरजभान चहल, मुकेश शर्मा, जस्सी लाठ और प्रवीण भैंसवाल कलां रहे। नौतपा भी किसानों के हौसले को डिगा नहीं पा रहा। गर्म दोपहरी में अनिश्चितकालीन धरने पर किसान अविचलित बैठे रहते हैं । उनका फैसला है कि वे ब्याज समेत मुआवजा ले कर वापस घरों को लौटेंगे।
सत्तारूढ़ भाजपा के रवैए से भाकियू नाराज है। लोकसभा चुनाव के लिए सी.एम. नायब सिंह सैनी और पूर्व सी.एम. मनोहर लाल खट्टर जब अलग-अलग गोहाना आए, दोनों ने केवल आश्वासन भर दिया । उनमें से किसी ने भी यह गारंटी देने से गुरेज किया कि आखिर मुआवजा कब तक किसानों के बैंक खातों में आ जाएगा। किसान तो पी. एम. नरेंद्र मोदी के गोहाना आगमन में उनसे मिलना चाहते थे। इससे एडवांस में प्रशासन को ज्ञापन भी दिया गया। लेकिन पी.एम. से मुलाकात नहीं करवाई गई। भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवान नरवाल ने कहा कि अपना खराब हुई फसलों का मुआवजा लेना किसानों का हक है और वे इस हक को ले कर रहेंगे। उनके अनुसार पुलिस ने अब तक रिलायंस बीमा कम्पनी पर किसानों से धोखाधड़ी का केस दर्ज नहीं किया है। इस के लिए अब किसान अदालत का दरवाजा जल्दी खटखटा सकते हैं। कम्पनी पर आरोप है कि जब मुआवजा देने की बारी आई, उसने गैर-कानूनी तौर से दुष्प्रभावित किसानों की पॉलिसियां ही रद्द कर दीं ताकि मुआवजा न देना पड़े।



