स्वास्थ्य विभाग अब गोहाना उपमंडल में बनाएगा तीन लाख लाभार्थियों के आयुष्मान भारत योजना के कार्ड
गोहाना :-13 अप्रेल : स्वास्थ्य विभाग द्वारा अब उपमंडल में तीन लाख लाभार्थियों को आयुष्मान भारत योजना के कार्ड बनाए जाएंगे। यह संख्या पहले करीब डेढ़ लाख थी। चिकित्सा अधिकारियों के अनुसार मुख्यालय ने निरोगी हरियाणा व नए लाभार्थियों को जोड़कर अस्पताल प्रशासन को नई सूची सौंपी है। इसके तहत अब चिकित्सा अधिकारी लाभार्थियों को आशा वर्करों के माध्यम से डोर-टू-डोर अभियान चलाकर योजना के कार्ड बनवाने के लिए प्रेरित करेंगे। अधिकारियों ने मुख्यालय से लाभार्थियों की सूची मिलने के बाद उनके कार्ड बनवाने की जिम्मेदारी आशा वर्करों को सौंपी है।
सरकार द्वारा आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ देने के उद्देश्य से आयुष्मान भारत योजना लागू की है। इसके तहत अब तक दो चरणों में लाभार्थियों के गोल्डन कार्ड बनाए जा रहे थे। पहले चरण में परिवार पहचान-पत्र (पीपीपी) में 1.80 लाख रुपए से कम आय वाले लाभार्थी शामिल हैं, जिनके कार्ड निशुल्क बनाए जा रहे हैं। दूसरे चरण में 1.80 से तीन लाख रुपए तक की आय के लाभार्थी शामिल हैं, जिनसे प्रीमियम के तौर पर प्रति परिवार 1500 रुपए जमा कराने का नियम है। इसके तहत गोहाना ब्लॉक में करीब डेढ़ लाख लाभार्थी थे। चिकित्सा अधिकारियों के अनुसार अब योजना से निरोगी हरियाणा के लाभार्थियों को भी जोड़ा गया है। इसके अलावा वे लोग भी शामिल हुए हैं, जिनकी पीपीपी में योजना के तहत आय का सत्यापन हुआ है। ऐसे में अब योजना में करीब 3 लाख लाभार्थी हो गए हैं। इनका विभाग की तरफ से गोल्डन कार्ड भी बनाया जाना है। ऐसे में चिकित्सा अधिकारियों ने लाभार्थियों से सीएससी पर जाकर कार्ड बनवाने की अपील की और उन्हें जागरूक करने के लिए आशा वर्करों की भी जिम्मेदारी लगाई।
^आयुष्मान भारत योजना के लाभार्थियों की मुख्यालय से नई सूची मिली है। इसके तहत लाभार्थी खुद भी सीएससी में जाकर कार्ड बनवा सकते हैं। वहीं लाभार्थियों को जागरूक करने के लिए आशा वर्करों की भी ड्यूटी लगाई है। लाभार्थियों से अपील है कि वें योजना का लाभ उठाने के लिए लाभार्थी अपना कार्ड जरूर बनवाएं।
– डॉ. संजय छिक्कारा, एसएमओ, सिविल अस्पताल, गोहाना।
