मजदूर प्रतिरोध दिवस पर 3 संगठनों ने मिल कर किया गोहाना में प्रदर्शन
गोहाना :-8 फरवरी: मजदूर अधिकार संघर्ष अभियान (मासा) के आह्वान पर गुरुवार को मजदूर प्रतिरोध दिवस मनाया गया। तीन संगठनों नामत: जन संघर्ष मंच, समता मूलक महिला संगठन और भवन निर्माण कार्य मजदूर मिस्त्री यूनियन ने विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन शहीद भगत सिंह चौक से प्रारंभ हुआ और अंबेडकर चौक में पूर्ण हुआ। बाद में लघु सचिवालय में एस.डी.एम. के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा गया।
तीन संगठनों के प्रदर्शन का नेतृत्व जन संघर्ष मंच के प्रदेश सलाहकार डॉ. सी. डी. शर्मा ने किया। मुख्य वक्ता रघुबीर विरोधिया ने कहा कि चार श्रम संहिताओं द्वारा मजदूरों के अधिकारों का खुला हनन हो रहा है और देश के विभिन्न संस्थान कारपोरेट घरानों के हवाले कर दिए गए हैं। समतामूलक महिला संगठन की प्रदेश संयोजक डॉ. सुनीता त्यागी ने कहा कि सांप्रदायिक सदभाव समाप्त करने के लिए जाति और धर्म के नाम पर लड़वाया जा रहा है। महंगाई और बेरोजगारी की स्थिति इतनी विकट हो चुकी है कि मजदूरों के भूखों मरने की नौबत आ गई है।
एस.डी.एम. विवेक आर्य को ज्ञापन दिया गया। यह ज्ञापन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को संबोधित था। इस ज्ञापन में नई श्रम संहिताओं को खत्म करने, मजदूरों की न्यूनतम दिहाड़ी एक हजार रुपए और न्यूनतम मासिके वेतन 26 हजार रुपए करने, राजनीति के सांप्रदायिक करण पर रोक लगाने आदि की मांग की गई।
प्रदर्शन में सूरजभान चहल, अशोक कुमार, जगमहेंद्र, जिले सिंह, अनिल, सतपाल, विकास, बलराज, बीरमति, मदन अत्री, मनजीत कोहला, रमेश सैनी, अनिता इंदौरा आदि ने भी भाग लिया।



