खराब फसलों के मुआवजा के लिए गोहाना में अनिश्चितकालीन धरना 56वें दिन भी रहा जारी ; प्रदर्शनकारी किसानों ने भाजपा प्रत्याशी को गांवों में न घुसने देने की दी धमकी
गोहाना :-24 मार्च: खराब फसलों के मुआवजे के लिए लघु सचिवालय में 29 जनवरी से अनिश्चितकालीन धरने पर डटे किसानों का प्रदर्शन 56वें दिन भी जारी रहा काली होली मनाते हुए प्रदर्शनकारी किसानों ने धमकी दी कि वे लोकसभा चुनावों में गांवों में सत्तारूढ़ भाजपा के प्रत्याशी को घुसने नहीं देंगे। प्रदर्शन का नेतृत्व हरियाणा भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवान नरवाल ने किया।
गोहाना का बेमियादी धरना सोनीपत का जिला स्तरीय धरना है। किसान रिलायंस कम्पनी के साथ कृषि एवं किसान कल्याण विभाग पर गंभीर आरोपों की बारिश कर रहे हैं। दरअसल पी.एम फसल बीमा योजना में जिस समय खराब फसलों का मुआवजा देने की बारी आई, तब रिलायंस कम्पनी ने अवैध रूप से किसानों की पॉलिसी ही रद्द कर दीं तथा केवल उनका प्रीमियम रिफंड किया।
भाकियू का आरोप है कि जिन किसानों का नुकसान नहीं हुआ, कम्पनी उनकी प्रीमियम की रकम के साथ स्टेट और सेंटर की सब्सिडी भी डकार गई।
भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवान नरवाल के अनुसार सोनीपत के डी.सी. जनवरी 2023 में किसानों के हक में फैसला सुना चुके हैं। उनके निर्णय को रिलायंस कम्पनी ने कृषि विभाग के निदेशक के पास चुनौती दी। निदेशक को एक महीने में फैसला देना था। लेकिन वह 14 महीने से फाइल को दबाए बैठे हैं।
होली की छुट्टी के बावजूद रविवार को धरने पर बड़ी संख्या में किसान जुटे। मुआवजा मिलने में लगातार हो रही देरी के खिलाफ किसानों ने काली होली मनाई। प्रदेश उपाध्यक्ष नरवाल ने कहा कि अगर भाजपा वाले किसानों को उनका हक नहीं दिलवा सकते, तब उनको वोट मांगने का भी कोई अधिकार नहीं है। ऐसे में अगर भाजपा प्रत्याशी को किसी भी गांव में प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा।
नरवाल ने कहा कि अब किसान ब्याज समेत देय मुआवजे का भुगतान चाहते हैं। वे कम्पनी पर एफ.आई.आर. दर्ज करवाना तथा उसे ब्लैक लिस्ट करवाना चाहते हैं। इस अवसर पर कृष्ण वर्मा, रमेश मदीना, राजमल मलिक, रोहित मलिक, पवन भावड़, सूरजभान कुंडू, सतीश बनवासा आदि भी मौजूद रहे।



