गोहाना में किसानों का बेमियादी धरना 21वें दिन भी जारी, सुध न लिए जाने से किसान नाराज
गोहाना :-18 फरवरी : खराब फसलों के मुआवजे के लिए अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे किसान सरकार से नाराज हैं। उनका आरोप है कि आरोपी रिलायंस कम्पनी पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है, न 29 जनवरी से धरने पर जमे किसानों की कोई सुध ली जा रही है। भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवान नरवाल ने दोहराया कि मुआवजा मिलने तक धरना खत्म नहीं किया जाएगा तथा निरंतर जारी रहेगा।
भाकियू नेता ने कहा कि रिलायंस कम्पनी ने किसानों से धोखा किया। जब उनकी खराब फसलों का मुआवजा देने की बारी आई, तब रिलायंस कम्पनी ने उलटे उन्हीं की पॉलिसियां रद्द कर दीं तथा केवल प्रीमियम की रकम वापस लौटा कर पूरी तरह से अपना पल्ला झाड़ लिया।
कम्पनी के खिलाफ धरने के 21 दिन पूरे हो चुके हैं। इस बीच 12 फरवरी को आंदोलनकारी किसानों की रिलायंस कम्पनी से बातचीत करवाने के लिए उन्हें पंचकूला बुलवाया गया। लेकिन कम्पनी के अधिकारी उस अहम बैठक में आए ही नहीं।
भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष नरवाल ने कहा कि राज्य सरकार को किसानों से धोखाधड़ी के लिए रिलायंस कम्पनी पर केस दर्ज करवाना चाहिए तथा उसे आदेश देना चाहिए कि वह पीड़ित किसानों को उनकी फसल को हुए नुकसान का मुआवजा चुकाए अन्यथा मुआवजे की पेमेंट स्वयं सरकार करे।
सत्यवान नरवाल ने कहा कि सरकारी तंत्र रिलायंस कम्पनी को बचाने की कोशिशों में जुटा हुआ है। जिला स्तर की अपील किसान जीत चुके हैं। राज्य स्तर की जिस अपील का फैसला एक महीने में हो जाना चाहिए था, उस पर अधिकारी साल भर से कुंडली मारे बैठे हैं।
रविवार को अवकाश होने के बावजद धरने को ब्रेक नहीं दिया गया। 21वें दिन के धरने पर भगत सिंह, सतपाल, बिजेंद्र, रमेश, राम किशन आदि किसान बेठे।


