विश्व पर्यावरण दिवस पर मारुति सुजुकी ने शुरू किया एक लाख पौधे लगाने का अभियान
प्लास्टिक प्रदूषण के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कर्मचारियों को वितरित किए गए 500 जूट बैग


खरखौदा प्लांट में 5 एकड़ क्षेत्र में मियावाकी तकनीक से विकसित होगा घना वन
सोनीपत, 05 जून। विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एचएसपीसीबी) सोनीपत के सहयोग से आईएमटी खरखौदा स्थित अपनी अत्याधुनिक उत्पादन इकाई में इस मानसून स्तर के दौरान एक लाख पौधारोपण करने के उद्देश्य से वृक्षारोपण अभियान का शुभारंभ किया। पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास को समर्पित इस अभियान के तहत कंपनी द्वारा मियावाकी वनीकरण तकनीक का उपयोग करते हुए लगभग 5 एकड़ भूमि पर पौधारोपण किया।
कार्यक्रम में हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों तथा मारुति सुजुकी के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लेते हुए पौधारोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम के दौरान प्रकृति संरक्षण, जल संरक्षण, प्लास्टिक प्रदूषण नियंत्रण तथा हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने संबंधी विभिन्न गतिविधियों का आयोजन भी किया गया।
पर्यावरण संरक्षण के लिए उद्योगों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण-अजय सिंह
हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड सोनीपत के क्षेत्रीय अधिकारी अजय सिंह ने कहा कि औद्योगिक विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन स्थापित करना वर्तमान समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि मारुति सुजुकी द्वारा विश्व पर्यावरण दिवस पर एक लाख पौधे लगाने का संकल्प न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सराहनीय कदम है, बल्कि अन्य औद्योगिक इकाइयों के लिए भी प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि अधिकाधिक हरित क्षेत्र विकसित कर जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना किया जा सकता है।
हरित विनिर्माण और टिकाऊ विकास हमारी प्राथमिकता-वरुण कुमार
मारुति सुजुकी के एनवायरनमेंट हेड वरुण कुमार ने कहा कि कंपनी पर्यावरणीय जिम्मेदारियों को अपनी व्यावसायिक रणनीति का अभिन्न हिस्सा मानती है। उन्होंने बताया कि खरखौदा प्लांट में स्वच्छ ऊर्जा, जल संरक्षण और कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने के लिए अनेक नवाचार किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मियावाकी तकनीक के माध्यम से विकसित किया जा रहा यह वन क्षेत्र जैव विविधता को बढ़ावा देने के साथ-साथ स्थानीय पर्यावरण को भी सुदृढ़ करेगा।
आधुनिक तकनीक और हरित उपायों से बनेगा खरखौदा प्लांट एक मॉडल इकाई्र-आशीष मिश्रा
आईएमटी खरखौदा प्लांट के प्लांट हेड आशीष मिश्रा ने बताया कि मारुति सुजुकी का यह संयंत्र पर्यावरण अनुकूल औद्योगिक विकास का उत्कृष्ट उदाहरण बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि प्लांट में उत्पादन गतिविधियों को स्वच्छ प्राकृतिक गैस आधारित प्रणाली पर संचालित किया जा रहा है। इसके अलावा कैंटीन से निकलने वाले जैविक अपशिष्ट के उपयोग से नवीकरणीय ऊर्जा उत्पादन हेतु 10 टन प्रतिदिन क्षमता का बायोगैस संयंत्र स्थापित किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि संयंत्र में पहले ही 20 मेगावाट क्षमता का सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किया जा चुका है, जिससे पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों पर निर्भरता कम होगी और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा।
जल संरक्षण के लिए विकसित किए जा रहे हैं विशाल जलाशय
आईएमटी खरखौदा प्लांट के प्लांट हेड आशीष मिश्रा ने बताया कि मारुति सुजुकी द्वारा खरखौदा प्लांट परिसर में लगभग 58 एकड़ क्षेत्र में चार बड़े जलाशय विकसित किए जा रहे हैं। इन जलाशयों का उद्देश्य वर्षा जल संचयन, भूजल पुनर्भरण तथा जलीय पारिस्थितिकी तंत्र के संरक्षण को बढ़ावा देना है। परियोजना पूर्ण होने पर इन जलाशयों में लगभग 3 लाख 13 हजार घन मीटर जल संग्रहण क्षमता उपलब्ध होगी, जिससे क्षेत्र में जल संरक्षण को नई मजबूती मिलेगी।
प्लास्टिक प्रदूषण के खिलाफ चलाया गया जागरूकता अभियान
विश्व पर्यावरण दिवस की थीम के अनुरूप कार्यक्रम में प्लास्टिक प्रदूषण के खिलाफ विशेष जागरूकता अभियान भी चलाया गया। कर्मचारियों के बीच लगभग 500 जूट बैग वितरित किए गए तथा सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग को समाप्त करने का संदेश दिया गया। इस दौरान कर्मचारियों से दैनिक जीवन में पर्यावरण अनुकूल विकल्प अपनाने और सतत जीवनशैली को बढ़ावा देने का आह्वान किया गया।
कार्यक्रम में हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी अजय सिंह, सहायक पर्यावरण अभियंता कुशाग्र एवं योगेश, प्लांट हेड श्री आशीष मिश्रा, मारुति सुजुकी के एनवायरनमेंट हेड वरुण कुमार, प्लांट मैनेजर मित्सुताका सुमिदा, सीनियर डीवीएम ताकाओ सुजुकी तथा एचआर हेड संजय नारंग सहित अनेक अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।



