गोहाना के जनकपुरा गेट में स्थित श्रीराम साई मंदिर में महाराजा अरूट जयंती समारोह का आयोजन
भगवान राम की आठवीं पीढी के वंशज थे महाराजा अरूट : सतीजा
गोहाना :-30 मई : महाराजा अरूट अरोड़ा वंश के संस्थापक और स्वयं भगवान राम की आठवीं पीढ़ी के वंशज थे। गुरुवार को यह टिप्पणी मेन बाजार में जनकपुरा गेट में स्थित श्रीराम साई मंदिर में इस मंदिर के कार्यकारी अध्यक्ष राकेश सतीजा ने की। उनके अनुसार महाराजा अरूट त्रेता युग के महान प्रतापी सम्राट थे। राकेश सतीजा महाराजा अरूट के जयंती समारोह में मुख्य वक्तव्य दे रहे थे। यह कार्यक्रम आजाद हिंद देशभक्त मोर्चे के तत्वावधान में हुआ। संयोजन मोर्चे के मुख्य संरक्षक आजाद सिंह दांगी ने किया। अध्यक्षता शहीद चंद्रशेखर आजाद पार्क के पूर्व अध्यक्ष और रिटायर्ड प्रवक्ता रमेश मेहता ने की।
रमेश मेहता ने कहा कि जब भगवान परशराम भोग-बिलास में लिप्त चरित्रहीन राजाओं का वध करते हुए घूम रहे थे, तभी उनकी भेंट चक्रवर्ती सम्राट महाराजा अरूट से हुई। महाराजा अरूट से प्रभावित हो कर भगवान परशुराम ने उन्हें सिंधु घाटी के आसपास का क्षेत्र सौगात में भेंट किया। मेहता ने दावा किया कि महाराजा अरूट ने सिंधु नदी के पास अरोड़ा किले के नाम से किला बनाया और अरोड़ा नगरी बसाई । उनके ही वंशज अरोड़ा कहलाते हैं।
इस अवसर पर नंद लाल मल्होत्रा, राज कुमार कालड़ा, परमेश्वर मधु, हरीश ठकराल, राकेश मेहता, मोनू खुराना, नरेश अरोड़ा, प्रभुदयाल कथूरिया, विनय मधु आदि भी मौजूद रहे।


